बात हिंदुस्तान की (संवाददाता)
चीन ने बनाया लेजर मॉस्कीटो एयर डिफेंस सिस्टम। एक ऐसा तकनीक जिससे लगभग लगभग 6मीटर तक की दायरे में मच्छरों को पहचानकर उसको खत्म किया जा सकता है। एमएडीएस यानी मॉस्क्वाइटो एयर डिफेंस सिस्टम एक सेकंड में 30 मच्छरों को खत्म करता हैं।
●एमएडीएस कैसे काम करता है?
यह काफी आधुनिक तकनीक है। जानकारी के अनुसार इसमें फोटोन मैट्रिक्स डिवाइस का इस्तेमाल किया जाता है। यह डिवाइस पहले मच्छरों को स्कैन करता है। फिर उसको अपने चपेट में लेती है।
●फोटोन मैट्रिक्स में मौजूद लेजर क्या करता है?
फोटोन मैट्रिक्स डिवाइस में मौजूद लेजर लाइट मच्छरों का पंख ज्वाला देती है। दरअसल लीडियर बेस्ड सेंसर और एआई बेस्ड विजन सिस्टम और एयर वेब रेडर सिस्टम का इस्तेमाल किया जाता है। लीडियर हवा में मौजूद तत्व को शानक्त करती है। एआई विजन ऑब्जेक्ट की पुष्टिकरण करती है। एयर वेब रेडर में मौजूद लेजर लाइट मच्छरों के सीधा पंख पर निशाना कर उसे ज्वाला देती है।
●एयर वेब रेडर की निशाना कैसा है?
यह रेडर फ्लेक्सिबल है। यानी मच्छरों के मूवमेंट के साथ साथ यह तुरंत अपना पोजीशन चेंज कर लेती है। एयर वेब रेडर में मौजूद लेजर से मच्छरों को ज्वाला देती है। मच्छर के जगह दूसरा ऑब्जेक्ट होने पर लेजर लाइट अपनेआप बंद हो जाता है।
●फोटोन मैट्रिक्स बनाने में खर्च
साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट के रिपोर्ट के अनुसार यह डिवाइस बनाने वाले कंपनी क्राउड फंडिंग के जरिए आनुमानिक 2.7 मिलियन डॉलर जुटाएं है। भारतीय रुपए में 25.84 करोड़ है।
इस मशीन से मच्छर मारने का खर्च भारतीय मुद्रा में आनुमानिक 1 लाख रुपए है।
क्या आपको भी चाहिए ऐसा चाइना डिवाइस जो सेकंड में आपको देगी मच्छरों से निजात? ऐसे ही रोचक देश दुनिया की खबर पढ़ने नज़र रखे “बात हिंदुस्तान की” डिजिटल न्यूज पर।

Baat Hindustan Ki Online News Portal