कोलकाता – पश्चिम बंगाल।
श्रावणी मेले को राष्ट्रीय त्योहार की स्वीकृति प्रदान करने की राज्य सरकार विशेष रूप से प्रयास करेगी। हुगली के सेवड़ाफूली के निमाई तीर्थ घाट से तारकेश्वर मंदिर के 30 किलोमीटर की कुल दूरी के 5 किलोमीटर के अंतर पर प्रत्येक जगह पर सरकारी सेवा शिविर लगाए जाएंगे। जहां पर आपातकालीन मेडिकल परी सेवाएं एम्बुलेंस प्राथमिक उपचार सेवाएं पीने के पानी , ORS इत्यादि की व्यवस्था रहेगी। दर्शनारथियों और श्रद्धालुओं के सुगम आवागमन के लिए ट्रैफिक पुलिस राज्य पुलिस प्रशासन मुस्तांग रहेंगे।
बंगाल की मुख्यमंत्री शिवेंदु अधिकारी ने पिछली सरकार की धार्मिक आधार पर तोषण की नीति पर कुठाराघात करते हुए कहा कि प्रत्येक सरकार का धर्म दोनों आंखों को खोलकर काम करना होता है। लेकिन पिछली सरकार ने एक आंख बंद करके काम किया था। हमारी सरकार देश प्रेम और राष्ट्रवादी विचारधारा में विश्वास रखने वाली सरकार है।
पीएम मोदी की अमूल्य वाक्य को दोहराते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सबका साथ और सबका विकास होना चाहिए। पिछली सरकारों के शासन में तारकेश्वर के विकास को बिल्कुल दरकिनार कर दिया गया था। पिछली सरकार ने सिर्फ चंद सिविक वॉलिंटियर को तैनात करके अपने दायित्व से पल्ला झाड़ दिया था। लेकिन उनकी सरकार तारकेश्वर के विख्यात श्रावणी मिले को सुव्यवस्थित और सुचारू रूप से संपन्न कराने को सर्वोपरि प्राथमिकता देगी।
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