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आचार्य मनीष से मिलने उमरा जनसैलाब, सैकड़ों लोगों ने लाइफ स्टाइल बदलने का लिया संकल्प

कोलकाता – पश्चिम बंगाल

जीना सीखो लाइफकेयर (हॉस्पिटल एंड इंस्टीट्यूट ऑफ इंटीग्रेटेड मेडिकल साइंसेज) के संस्थापक आचार्य मनीष के दो दिवसीय स्वास्थ्य शिविर का आयोजन कोलकाता के नजरुल तीर्थ में किया गया। शिविर में आचार्य से मिलने उमरा जनसैलाब, विभिन्न बीमारियों से जूझ रहे मरीजों और उनके परिजनों ने बड़ी संख्या में भाग लिया। सैकड़ों लोगों ने लाइफ स्टाइल बदलने का लिया संकल्प ताकि बीमारियों से दूरी बना रहे।

शिविर को संबोधित करते हुए आचार्य मनीष ने कहा कि आज अधिकांश लोग गलत खान-पान, अनियमित दिनचर्या और बदलती जीवनशैली के कारण गंभीर बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि हृदय रोग, मधुमेह, यूरिक एसिड, किडनी और लीवर से जुड़ी बीमारियां तथा कैंसर जैसी अनेक स्वास्थ्य समस्याओं के पीछे असंतुलित जीवनशैली एक प्रमुख कारण है।

उन्होंने लोगों से आयुर्वेद आधारित जीवनशैली अपनाने और प्राकृतिक तरीके से स्वस्थ रहने का प्रयास करने की अपील की। आचार्य मनीष का कहना था कि यदि व्यक्ति अपने खान-पान और दैनिक जीवनचर्या में सुधार करे तो कई स्वास्थ्य समस्याओं से बचाव संभव है तथा दवाओं पर निर्भरता भी कम हो सकती है।

शिविर के दौरान आचार्य मनीष ने एक मरीज का उदाहरण प्रस्तुत करते हुए दावा किया कि स्टेज-4 ब्लड कैंसर से पीड़ित एक व्यक्ति ने आयुर्वेदिक पद्धति अपनाने के बाद स्वास्थ्य लाभ प्राप्त किया। उन्होंने बताया कि उस व्यक्ति को डॉक्टरों ने सीमित समय ही बताया था, लेकिन आयुर्वेदिक उपचार अपनाने के बाद उसकी स्थिति में सुधार हुआ और वह अब स्वस्थ जीवन जी रहा है।

इस अवसर पर आचार्य मनीष ने केंद्र सरकार एवं पश्चिम बंगाल सरकार से मांग की कि आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत आयुर्वेदिक चिकित्सा को भी व्यापक रूप से शामिल किया जाए, ताकि अधिक से अधिक लोगों को इसका लाभ मिल सके। साथ ही उन्होंने अधिक आयुर्वेदिक अस्पतालों के निर्माण पर भी जोर दिया, जिससे आम जनता को सुलभ और किफायती उपचार मिल सके।

उक्त कार्यक्रम में डॉ. रूपेश राज, मेडिकल सुप्रीडेंट एवं उनके टीम के द्वारा जांच शिविर लगाया गया।

जीना सीखो के पश्चिम बंगाल के प्रभारी एवं शिविर के आयोजक आकाश गुप्ता ने बताया कि आगे भी आचार्य जी से आग्रह करके आगे भी उनका शिवर कोलकाता सहित अन्य महत्वपूर्ण जिलों में अयोजन करेंगे। ताकि पश्चिम बंगाल के अधिकतर लोगों के जीवन यापन में सुधार हो सके एवं वे बीमारी से दूर रहे।

कार्यक्रम में रवि कुमार, शाहिद, उज्ज्वल पंडित सहित कई गणमान्य लोग सहित सैकड़ों आम लोग शामिल हुए।

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